Ways to increase mother’s milk: माँ के दूध की आपूर्ति को प्राकृतिक रूप से बढ़ाने के 10 प्रभावी तरीके

 

Maa Ka Doodh Badhane Ke Upay: जैसा कि हम सब जानते हैं कि नवजात शिशु या बच्चे के लिए मां का दूध अमृत समान होता हैं कोइ भी बच्चा जब जन्म लेता है तो उसे जन्म के छह महीने तक केवल मां का दूध ही पिलाया जाता है, जिससे बच्चे को शुरुआती पोषण ठीक से प्राप्त हों सके। और ऐसे में यह जरूरी हों जाता हैं कि स्तनपान कराने वाली मां अपने ऊपर खास  ध्यान रखें, विशेषकर हेल्थी खान पान पर। ताकि बच्चे को पीने लायक ब्रेस्ट मिल्क उत्पादन भरपुर मात्रा में हो सके। (Ways to increase mother’s milk)

Ways to increase mother's milk: माँ के दूध की आपूर्ति को प्राकृतिक रूप से बढ़ाने के 10 प्रभावी तरीके
Ways to increase mother’s milk

लेकीन ऐसे में कई सारी महिलाएं है खासकर जो पहली बार मां बनी है उनके मन में यह सवाल आता है कि बच्चे को कितना बार दूध पिलाएं, उनके ब्रेस्ट में दूध नही बन पा रहा है छाती से दूध कम आ रहा है Breast milk कम होने के कारण क्या हैं बच्चे के लिए कितनी Breast milk की जरुरत होती हैं, आज इस लेख में हम ब्रेस्ट मिल्क कैसे बढ़ाएं, मां का दूध बढ़ाने का trika के बारे में , Ways to increase mother’s milk विस्तार से चर्चा करेंगे। तो आइए जानते हैं कि मां का दूध बढ़ाने का उपाय के बारे में:-

Table of Contents

Ways to increase mother’s milk Triks:

Breast milk कम होने के कारण:

बच्चे को जन्म देने के बाद अगर मां का दुध कम हों रहा है तो यह किसी भी बच्चे के स्वास्थ्य के लिए अच्छी बातें नहीं हैं, लेकीन इसके लिए चिंता करने की जरुरत नहीं है क्यों कि मां के ब्रेस्ट से पर्याप्त मात्रा में दुध का न आना के पीछे कई कारण हो सकते है जिसे निचे दिया गया है –

1. मानसिक बदलाव :(Ways to increase mother’s milk)

फर्स्ट टाइम बच्चे को जन्म देने के बाद कई सारी महिला चिंता में डूबी रहती है जिस वजह से मानसिक स्वास्थ्य पर असर पड़ता है और तनाव में रहती है जिस वजह से ब्रेस्ट में पर्याप्त मात्रा में दुध नही बन पाता है अतः  दुध आपूर्ति बाधित न हो इसके लिए आप हमेशा खुश रहें।

2. चिकित्सीय समस्या :(Ways to increase mother’s milk)

बच्चा को जन्म देने के बाद ब्रेस्ट मिल्क की कमी होने के पीछे चिकित्सीय कारण भी एक समस्या भी हो सकती है।

3. कुछ दवाओं का प्रभाव :

प्रेगनेंसी के दौरान दर्द, साइनस और एलर्जी जैसी दवाओं का अधीक सेवन करने के कारण भी महिलाओं के मिल्क  आपूर्ति में कमी आती है।

4. धूम्रपान और एल्कोहल :

बच्चे को जन्म देने के बाद या उससे पहले धूम्रपान और एल्कोहल सेवन भी कई बार ब्रेस्ट मिल्क की आपूर्ति पर असर डालता है।

5. ब्रेस्ट सर्जरी:( Ways to increase mother’s milk)

अगर आपने बच्चे जन्म देने से पहले कभी ब्रेस्ट सर्जरी कराई हुई है, तो वैसी स्थिती में ब्रेस्ट मिल्क की आपूर्ति में कमी आ सकती है। (Ways to increase mother’s milk)

इसके अलावा भी पर्याप्त मां के छाती में दूध न बनने के कारण हों सकतें है:- (Ways to increase mother’s milk)

ग्लैंडुलर टिश्‍यू की कमी

हार्मोन इंबैलेंस

ब्रेस्‍ट सर्जरी

कॉन्ट्रासेप्टिव पिल्‍स लेने से

लेबर पेन के लिए दी गई दवाएं।

दूध न उतरने के कारण? मां का दूध कम हों तो क्या करे।

दूध न उतरने के कारण? मां का दूध कम हों तो क्या करे
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मां का दूध न उतरने या फिर कम आने के कई कारण हो सकते हैं जिसके बारे में हम निचे विस्तार से जानेंगे।(Ways to increase mother’s milk)

पुअर लेक्टेशन की वजह से दुध कम आता है।

स्तन में दुध का स्रोत न खुलना या फिर दूध कम बनना भी एक कारण हो सकता है।

बच्चे को जन्म देने के बाद लगातर दो या तीन तीन दिन तक शिशु को ब्रेस्टफीड न कराने से स्तन में दूध बनने की प्रक्रिया अपने आप कम हो जाती है।

बच्चे को जन्म देने के बाद महिलाओं को होने वाली किसी भी प्रकार की इन्फेक्शन भी एक कारण हो सकता है।

ब्रेस्ट में मवाद भर जाने से भी मां अपने बच्चे को ब्रेस्टफीड नहीं करा पातीं है।

फ्लैट निप्पल होने, या अंदर की ओर धंसी हुई निप्पल के कारण या फिर क्रैक निप्पल होने के वजह से भी कई बार महिलाएं अपने बच्चे ब्रेस्टफीड ठीक से नहीं करा पातीं है.(Ways to increase mother’s milk)

देर देर से दुध पिलाने के वजह से छाती में दुध भर कर कड़क यानि पत्थर जैसी हो जाती है जिस वजह से बच्चा दूध पी नहीं पाता है।

मां का दूध बढ़ाने का आयुर्वेदिक दवा पतंजलि में कौन सा है?

महिलाओं की दूध बढ़ाने की दवा तो वैसे बहुत सारी हैं. लेकीन अगर आप कोइ भी दवा खाती है अंग्रेजी तो उसे आपकों नुकसान भी हो सकता हैं.आयुर्वेदिक चिकित्सा पद्धति से ही कोई दवा लें, जैसे में मै आपको कुछ आयुर्वेद और आयुर्वेदिक जड़ी बूटी तथा चूरन के बारे में बता रह हू, जिसका सेवन करने से ब्रेस्ट मिल्क में इजाफा होता है उसमे शतावरी,टोरबगुन की पत्तियां, दाल चीनी, फेंरच इलायची और चक्रफुल जैसी फल है।

ब्रेस्ट में दूध बढ़ाने के उपाय🙁Ways to increase mother’s milk)

Maa Ka Doodh Badhane Ka Tarika: मां का दूध बढ़ाने के लिए कई सारी घरेलू उपाय, नुस्खे है साथ ही बहुत सारी आयुर्वेदिक दवा, अंग्रेजी दवा और दुध बढ़ाने वाले पाउडर भी उपल्ब्ध हैं, परंतु इन सभी से बेहतरीन तरीके है दुध बढ़ाने के कि आप अपने शरीर पर ध्यान केंद्रित करें, संतुलित व पौष्टिक खानपान का सेवन करें, योगा करें।

फास्ट फूड आदी का सेवन न करें। क्यों कि बेहतर और हेल्थी खानपान आपकी दूध की आपूर्ति को काफी हद तक प्रभावित करता है तो आइए अब हम जानते हैं कि ब्रेस्ट मिल्क बढ़ाने के लिए मां को किन किन चीजों का सेवन करने चाहिए।

मां का दूध बढ़ाने का पाउडर कौन सा होता हैं?

ब्रेस्ट मिल्क बढ़ाने के पाउडर के एकमात्र अच्छा पाउडर होता हैं और वो है आपकों शतावरी का पाउडर। जिसका सेवन पुरे दीन में करीब 5 से 7 ग्राम ही करना है,और वह भी दूध, दही या फिर मक्खन के साथ में करना है ताकी जल्द फायदा उठा लें।

मां के स्तन में दूध बढ़ाने के लिए महिलाओ क्या क्या खाना चाहिए।

ओटमील : (Ways to increase mother’s milk)
किसी भी स्तनपान कराने वाली मां के लिए ओटमील का सेवन उन्हे भरपूर ऊर्जा देती है क्यों कि इस ओटमील में फाइबर की मात्रा अधीक होता है,जो आपके  पाचन को ठीक करता है।

सौंफ : बच्चे को जन्म देने के बाद छाती से दुध कम आ रही है तो आप रोजाना सुबह खाने के बाद और सोने टाइम में सौंफ का सेवन करें । इससे मां के छाती में दुध बढ़ती है।

मेथी के दाने : अगर आप रोजाना थोड़ी सी मेथी दाने का सेवन करते हैं तो आपके ब्रेस्ट में मिल्क की आपूर्ति कभी कम नहीं होगी।

पपीता : महिलाओ को ब्रेस्ट मिल्क बढ़ाने में ताजे कच्चा पपीता भी काफी मदद करता है ।

लहसुन : अगर आप खाने में लहसुन का सेवन करती हैं तो आपकों बता दूं कि ब्रेस्ट मिल्क बढ़ाने में लहसून भी सहायक माना जाता है हालाकी लहसून गर्म होती हैं इसे ज्यादा खाने से कोई और समस्या भी उत्पन्न हों सकती हैं।(Ways to increase mother’s milk)

काले तिल के बीज : तिल में कैल्शियम की मात्रा पाई जाती हैं और एसे में अगर आप काले तिल के बीज का सेवन करती हैं तो यह आपके ब्रेस्ट मिल्क बढ़ाने में हेल्प करेगा।

गाजर : लड़कियों के छाती में दुध बढ़ाने में गाजर भी एक अहम भूमिका निभाता है। अतः आप बच्चे को जन्म देने के बाद में गाजर का जूस या गाजर का हलवा खा सकते है।

जौ : अगर आप अपने बच्चे को भर पेट दुध नहीं पीला पा रही है और आपको दुध कम आता है तो आप जौ के सेवन से ब्रेस्ट मिल्क बढ़ा सकते है।

शतावरी : फर्स्ट टाइम मां बनी महिलाओ को शतावरी का सेवन काफी फायदेमंद मानी जाती है। इसका सेवन से ब्रेस्ट मिल्क में इजाफा होता हैं।

जीरा : जीरा भी फर्स्ट टाइम मां बनी महिलाओ को ब्रेस्ट मिल्क बढ़ाने में मदद करता है।

ब्राउन राइस : यह एक प्रकार चावल होता हैं जिसे हम आमतौर पर हाफ बॉयल चावल कहते है जिसका सेवन मां अगर करती है तो उनके ब्रेस्ट मिल्क में इजाफा होगा।

साल्मन : स्तनपान कराने वाली महिलाओं को अपने खान पान में साल्मन को शामिल कर लेना चाहिए।

गाय का दूध : गाय का दूध पीने से भी ब्रेस्ट मिल्क बढ़ती है। 

स्तनपान के दौरान न खाएं ये चीजें/मां का दूध नही आने पर क्या करें।

अगर आप मां बन गई है तो आपकों अपनें खान पान में काफी बदलाव करने पड़ते हैं ताकी आपके छाती में दुध की मात्रा कम न हो और बच्चे का पोषण सही मात्रा में होता रहें । इसके लिए यह जरुरी हों जाता हैं कि आप कुछ चीजों का सेवन बिलकुल भी न करें या कम मात्रा में ही करें। तो आइए जानते हैं कि बच्चे को जन्म देने के बाद में किन किन चीजों का सेवन नही करना चाहिए।

चाय और कॉफी का सेवन कुछ दिनों के लिए कम कर दे या फिर कुछ दिनो के लिए बंद कर दे। कॉफी पीने से से ब्रेस्ट मिल्क में आयरन कम हो सकता है।

फास्ट फूड, जंक फ़ूड नहीं खानी चाहिए।

स्तनपान कराने वाली महिलाओं को कुछ दिनो के लिए खट्टे फल का सेवन बिलकुल बंद कर देना चाहिए– जैसे  इमली, संतरा, अंगूर,अनानास आदी ।

स्तनपानी कराने वाली महिलाओं को ब्रोकली का सेवन नही करना चाहिए।

बच्चे को जन्म देने के शुरुआती तीन महीनों तक कम से कम हाई-मरकरी फिश नही खाना चाहिए।

अगर आप मां बन चुकी है तो आपको अपनें बच्चे के भविष्य के खातिर एल्कोहल का सेवन हमेशा के लिए बंद कर देनी चाहिए।

मूंगफली का सेवन बिलकुल भी नहीं करनी चाहिए।

मसालेदार भोजन नही खाने चाहिए।

अंडे का सेवन शुरुआती तीन महीनों तक कम से कम नहीं करनी चाहिए।

Breast milk कैसे इंक्रीज करें।(Ways to increase mother’s milk)

आप अपने बच्चे को ज्यादा से ज्यादा देर तक स्तनपान कराएं।

बच्चो को अपने दोनों स्तनों से से दुध पिलाए।

आप, अपने नवजात शिशु को दिन में आठ से 10 बार स्तनपान कराएं।

आप जभी अपने बच्चो को दुध पिलाए तो दोनों स्तनों से स्तनपान कराएं

जब अपनें बच्चे को दुध पिलाएं तो यानि ब्रेस्टफीड करा रही है तो उस समय आप अपने स्तन से कपड़े हटाकर खुद से स्पर्श करें। ताकी ज्यादा दूध निकलेगा।

बच्चा पेट भर दुध पी सके इसके लिए बच्‍चे का सही पोजीशन भी जरूरी होता हैं जैसे- ब्रेस्‍ट फीडिंग समय बच्‍चा ब्रेस्ट को ठीक से पकड़ा है या नहीं, ब्रेस्ट निप्‍पल मुंह में है या नहीं आदी ।(Ways to increase mother’s milk)

कई एसी महिलाए होती है जो एक ब्रेस्ट का पुरा दुध खत्म ही नहीं होता कि दुसरे में बच्चे को लगा देती हैं परंतु जब तक दोनो ब्रेस्ट खाली न हों जाएं दुध पिलाते रहीए।

अगर आपके ब्रेस्ट से कम दुध आ रहा है तो (Ways to increase mother’s milk) आप ब्रेस्‍ट कंप्रेशन की मदद लें सकते है।

FAQ For Ways to increase mother’s milk: 

Q. मां बनने पर एक स्त्री के शरीर में कितने दूध का निर्माण होती है।

मां बनने पर एक स्त्री के शरीर में औसतन पांच से छः लीटर तक दूध का निर्माण होता हैं।
 

Q. मां का दूध कैसे बढ़ता है।

अगर आप ऊपर लेख में दिए गए Ways to increase mother’s milk को ठीक से पढ़ते हैं तो उतर मिल जायेंगे।

Q.Breast milk कैसे स्टोर करें?

Breast milk को स्टोर करने के लिए सबसे अच्छा तरीका है कि आप अपने बच्चे को बार बार स्तनपान कराए। इससे Ways to increase mother’s milk भी होगा।

Q. मां का दुध कैसे निकाले।

मां के स्तन से दूध निकालने के लिए आप

Q.Breast milk कब तक आता है।

बच्चे के जन्म के बाद करीब तीन साल तक।

Q. मां का दूध नही आता तो क्या करना चाहिए।

आर्युवेदिक दवा, जड़ी बूटी, गाय का दुध और फल का सेवन करने चाहिए।

निष्कर्ष:
आज हम इस लेख में (Ways to increase mother’s milk) मां का दूध बढ़ाने के लिए

क्या करे,लड़कियों का दूध बढ़ाने का उपाय , मां का दूध बढ़ाने का उपाय के बारे में, और मां का दूध बढ़ाने के घरेलू नुस्खे के बारे में विस्तार से जाना है आपकों यह लेख अगर मदद किया है तो आप इसे अपने अन्य दोस्तो के पास शेयर कर दे और एसी ही लेख जानने के लिए हमारे ब्लॉग PowersMIND से जुड़े।

और धन्यवाद करें।

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